Tuesday, 24 July 2018
Wednesday, 18 January 2017
तेरे बिन मैं
तु दीये सी जलती है ,
मैं बाती सा धधकता हूँ।
तु मरहम सी लगती है ,
मैं दर्द सा सहता हूँ।
तु गुलाब सी खिलती है ,
मैं काटों सा चुभता हूँ।
तु हवा सी बहती है ,
मैं बादल सा बरसता हूँ।
तु मोती सी अनमोल है ,
मैं समुंदर सा खारा हूँ।
तु जिंदगी सी रौशन है ,
मैं गुमनामी का अँधेरा हूँ।
तु मेरे जीने का सहारा है ,
मैं तेरे बिना बस एक पँछी आवारा हूँ।
आस्था जायसवाल
Tuesday, 2 February 2016
मेरी पहचान
मेरी पहचान
मत रोको मेरे कदमो को
मेरे हौसलों की उड़ान अभी बाकी है।
है हस्ती मेरी भी कुछ
की मेरी पहचान अभी बाकी है।
उम्र की ये बन्दिशें न डालो
जीने में रुझान अभी बाकी है।
पाने को है अभी बहुत कुछ
कुछ कर गुजरने का अरमान अभी बाकी है।
डूबा नहीं हूँ लालच में
की मुझमे ईमान अभी बाकी है।
तूने जो इतना सीखाया है ऐ ! जिन्दगी
की तेरा एहसान अभी बाकी है।
तोड़ दू इन नफरत की दीवारो को
की होंठो पे लाना मुस्कान अभी बाकी है।
कुछ नाम मेरा भी हो जग में
की जिंदगी तेरा सलाम अभी बाकी है।
मत रोको मेरे कदमो को
मेरे हौसलों की उड़ान अभी बाकी है।
आस्था जायसवाल
Thursday, 7 January 2016
हाय ! ये मेरा दिल
हाय ! ये मेरा दिल
कोई तो समझा दो मेरे दिल को,
जुदाई में ये क्यों इतना सिसकता है।
अपने जब बेगाने हो जाते है,
तो ये बेगानो को अपना क्यों समझता है।
मर जाती है जब एहसास भी इस मोहब्बत की,
फिर भी ये क्यूँ उसे पाने को मचलता है।
इस दिल की तो बस इतनी ही खता है,
प्यार के लिए ही ये धड़कता और
प्यार में ही ये तड़पता है।
आस्था जायसवाल
Saturday, 2 January 2016
अभी हारा नहीं हूँ मैं
लड़खड़ाया सा दिख रहा हूँ
मंज़िल से अब भी दूर खड़ा हूँ
पर अभी हारा नहीं हूँ मैं।।
मज़बूरियो में जकड़ा हुआ हूँ
थका - थका सा लग रहा हूँ
पर अभी हारा नहीं हूँ मैं।
खुद से ही लड़ रहा हूँ
घडी - घडी बस सह हूँ
पर अभी हारा नहीं हूँ मैं।
भीड़ में ही खो गया हूँ
अपने वज़ूद को ही ढूँढ रहा हूँ
पर अभी हारा नहीं हूँ मैं।
आँसुओ को लाये खड़ा हूँ
गले को रुधाये खड़ा हूँ
पर अभी हारा नहीं हूँ मैं।
अपने सपनो को सजाये
अपनी उमीदो की लौ जलाये
अपने हिम्मत को और मज़बूत बनाये
बस यही कह रहा हूँ
अभी हारा नहीं हूँ मैं,
हा ! अभी हारा नहीं हूँ मैं।
आस्था जायसवाल
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